बिहार सीतामढ़ी जिले के बोखरा थाना क्षेत्र अंतर्गत कुरहर गांव में एक हृदयविदारक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। सेफ्टी टैंक में दम घुटने से एक साथ चार लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है और मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
मिली जानकारी के अनुसार, यह हादसा उस समय हुआ जब सेफ्टी टैंक की सफाई का काम किया जा रहा था। बताया जा रहा है कि सबसे पहले एक व्यक्ति टैंक के अंदर उतरा। कुछ ही देर बाद जहरीली गैस और ऑक्सीजन की कमी के कारण वह बेहोश होकर गिर पड़ा। जब काफी देर तक वह बाहर नहीं निकला तो उसे बचाने के लिए दूसरा व्यक्ति टैंक में उतरा, लेकिन वह भी अंदर ही बेहोश हो गया। इसी क्रम में तीसरा और चौथा व्यक्ति भी बिना किसी सुरक्षा उपकरण के अंदर चले गए। दुर्भाग्यवश, टैंक के भीतर जहरीली गैस का स्तर इतना अधिक था कि चारों की दम घुटने से मौके पर ही मौत हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग बड़ी संख्या में मौके पर जुट गए। सूचना पाकर बोखरा थाना की पुलिस टीम और प्रशासनिक अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे। काफी मशक्कत के बाद चारों शवों को बाहर निकाला गया। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सीतामढ़ी सदर अस्पताल भेज दिया है।
प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि सेफ्टी टैंक के भीतर मिथेन या अन्य जहरीली गैस जमा होने के कारण यह हादसा हुआ। हालांकि, मौत के सही कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी। पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है।
प्रशासन ने इस घटना को गंभीरता से लेते हुए लोगों से अपील की है कि सेफ्टी टैंक, कुएं या किसी भी बंद स्थान में बिना सुरक्षा उपकरण, मास्क और विशेषज्ञ की निगरानी के प्रवेश न करें। थोड़ी सी लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है। इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर सुरक्षा मानकों के पालन की आवश्यकता को उजागर कर दिया है।
रिपोर्ट – पटना डेक्स




