बिहार इन दिनों कड़ाके की ठंड, घने कोहरे और शीतलहर की चपेट में है। बीते एक सप्ताह से राज्य के अधिकांश हिस्सों में सूरज के दर्शन नहीं हुए हैं। हालात ऐसे हैं कि ठंड अब केवल मौसम की मार नहीं, बल्कि आम जनजीवन के लिए रोजमर्रा की चुनौती बन गई है। सुबह होते ही कोहरे की दीवार खड़ी हो जा रही है, वहीं दिन में भी कंपकंपी से राहत नहीं मिल रही। नए साल के जश्न की तैयारी कर रहे लोगों के लिए मौसम विभाग की ताजा चेतावनी चिंता बढ़ाने वाली है।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) पटना ने बिहार में मौसम को लेकर जारी चेतावनी को 3 जनवरी तक बढ़ा दिया है। विभाग के अनुसार, नववर्ष की शुरुआत भी धूप के बिना होने की प्रबल संभावना है। हालांकि तापमान में मामूली बढ़ोतरी की उम्मीद जताई गई है, लेकिन घने कोहरे और ठंडी पछुआ हवाओं से फिलहाल राहत के संकेत कमजोर बने हुए हैं।
राज्य इस समय बर्फीली पछुआ हवाओं और घने कोहरे की दोहरी मार झेल रहा है। राजधानी पटना समेत उत्तर और दक्षिण बिहार के कई इलाकों में पिछले एक हफ्ते से सूरज निकलने का इंतजार लोगों को है। उत्तर बिहार में ‘कोल्ड-डे’ की स्थिति लगातार बनी हुई है, जहां दिन और रात के तापमान में अंतर लगभग खत्म हो गया है। इससे जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है।
पिछले 24 घंटों में बिहार के तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं दर्ज किया गया है। मौसम शुष्क बना हुआ है, लेकिन घना कोहरा और सर्द हवाएं परेशानी का कारण बनी हुई हैं। पटना, नालंदा, गया, जहानाबाद, बक्सर और औरंगाबाद सहित कई जिलों में दृश्यता बेहद कम हो गई है। गया में दृश्यता घटकर मात्र 50 मीटर तक पहुंच गई, जिससे सड़क और रेल यातायात पर खासा असर पड़ा है।
IMD के अनुसार, पश्चिम चंपारण और सीतामढ़ी जैसे उत्तरी जिलों में शीतलहर का अलर्ट जारी किया गया है, जबकि कैमूर और रोहतास जैसे दक्षिण-पश्चिमी जिलों में घना कोहरा छाया हुआ है। सीमांचल के पूर्णिया, अररिया, कटिहार और किशनगंज जिलों में तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की गई है। उत्तर बिहार में बीते पखवाड़े से दिन में भी ठंड से राहत नहीं मिल रही है।
तापमान के लिहाज से राजगीर राज्य का सबसे ठंडा स्थान रहा, जहां न्यूनतम तापमान 6.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। शेखपुरा में अधिकतम तापमान 18.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। पटना लगातार चौथे दिन कोल्ड-डे की चपेट में रहा, जहां अधिकतम और न्यूनतम तापमान के बीच महज 2.1 डिग्री का अंतर रहा। यहां अधिकतम तापमान सामान्य से 7.6 डिग्री कम 14.7 डिग्री और न्यूनतम 12.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
भीषण ठंड का सबसे ज्यादा असर बच्चों और बुजुर्गों पर पड़ रहा है। इसे देखते हुए प्रशासन ने कक्षा आठ तक के सभी सरकारी और निजी स्कूलों, आंगनबाड़ी केंद्रों और कोचिंग संस्थानों की छुट्टी 2 जनवरी तक बढ़ा दी है। सुबह की सर्द फुहार और दिन में 6 से 10 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही पछुआ हवाओं ने कनकनी को और बढ़ा दिया है।
मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले चार से सात दिनों तक राज्य में घना कोहरा और भीषण ठंड बनी रहेगी। 1 से 3 जनवरी के बीच उत्तर-मध्य, उत्तर-पश्चिम, दक्षिण-मध्य और दक्षिण-पश्चिम बिहार में घने कोहरे की आशंका जताई गई है। 3 जनवरी के बाद ही मौसम में धीरे-धीरे सुधार और धूप निकलने की उम्मीद की जा रही है।
रिपोर्ट -पटना डेक्स




