रिपोर्ट-चन्दन कुमार
बांका जिले के बौंसी स्थित एलएनडी प्लस टू गर्ल्स हाइस्कूल में गुरुवार को छात्राओं के लिए करियर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में शिवमणि वेलफेयर एडुकेशनल सोसाइटी के सचिव एवं करियर मोटिवेटर शिवपूजन सिंह ने 10वीं और 12वीं के बाद उपलब्ध विभिन्न करियर विकल्पों पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने छात्राओं को बताया कि वे पॉलिटेक्निक इंजीनियरिंग, पारा मेडिकल, जेईई मेन, नीट मेडिकल, आईसीएआर, एनडीए, निफ्ट सहित कई राष्ट्रीय स्तरीय प्रवेश परीक्षाओं के माध्यम से उच्च शिक्षा प्राप्त कर सकती हैं।
सिंह ने इन प्रतियोगिताओं के सिलेबस, परीक्षा पैटर्न, आवेदन प्रक्रिया और आवश्यक योग्यताओं पर सरल और विस्तृत चर्चा की। उन्होंने बताया कि मैट्रिक के बाद आईटीआई व पॉलिटेक्निक में प्रवेश लेकर छात्राएं प्लस-टू समकक्ष तकनीकी डिग्री प्राप्त कर सकती हैं। साथ ही लेटरल एंट्री का विकल्प एक वर्ष की बचत के साथ उच्च तकनीकी कोर्सों में प्रवेश का अवसर देता है।
उन्होंने बताया कि बिहार में कई तकनीकी और व्यावसायिक संस्थानों में सीटें खाली रह जाती हैं, जिसका मुख्य कारण छात्रों में काउंसिलिंग और प्रवेश प्रक्रिया को लेकर सही जानकारी का अभाव है। बिहार की 50% आरक्षित इंजीनियरिंग सीटों पर यूजीइएसी काउंसिलिंग के माध्यम से प्रवेश मिलता है, जिसके लिए जेईई मेन में शामिल होना आवश्यक है, जबकि शेष सीटों पर बीसीइसीई के माध्यम से नामांकन होता है। इसी प्रकार 50% मेडिकल सीटों के लिए यूजीएमएसी के जरिए नीट स्कोर के आधार पर प्रवेश दिया जाता है। कृषि पाठ्यक्रमों के लिए आईसीएआर परीक्षा अनिवार्य बताई गई। नीट मेरिट के आधार पर एमबीबीएस, बीडीएस, बीएचएमएस, फार्मेसी और पैरामेडिकल कोर्सों में नामांकन होता है।
कार्यक्रम में स्कूल के प्रभारी प्रधानाध्यापक पवन कुमार त्रिभुवन ने भी छात्राओं को सही करियर चयन के प्रति जागरूक किया। इस अवसर पर अनुकृति आनंद, अंजनी कुमारी सहित कई शिक्षक और बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं।




