IMG 20260413 151159 बांका में 20 साल से फर्जी प्रमाण पत्र पर नौकरी कर रहा शिक्षक गिरफ्तार, निगरानी विभाग की बड़ी कार्रवाई

बांका में 20 साल से फर्जी प्रमाण पत्र पर नौकरी कर रहा शिक्षक गिरफ्तार, निगरानी विभाग की बड़ी कार्रवाई

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By Banka Darshan News

बांका के सुईया थाना क्षेत्र में निगरानी विभाग की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर लंबे समय से नौकरी कर रहे एक शिक्षक को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार शिक्षक की पहचान दक्षिणी कसवावसिला पंचायत स्थित प्राथमिक विद्यालय डूमरडीहा में कार्यरत भागीरथ कुमार साह के रूप में हुई है।जानकारी के अनुसार, आरोपी शिक्षक पिछले करीब 20 वर्षों से फर्जी शैक्षणिक प्रमाण पत्र के सहारे नौकरी कर रहा था। इस मामले में पटना उच्च न्यायालय के निर्देश पर निगरानी विभाग ने कार्रवाई तेज की थी। इसी क्रम में पुलिस निरीक्षक लाल मोहम्मद के नेतृत्व में शनिवार एवं रविवार को छापेमारी की गई रविवार रात्रि में आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।

बताया जाता है कि उच्च न्यायालय ने पूर्व में सभी संदिग्ध शिक्षकों को स्वेच्छा से नौकरी छोड़ने का मौका दिया था, लेकिन कई शिक्षकों ने इस निर्देश का पालन नहीं किया। इसके बाद निगरानी विभाग ने प्रमाण पत्रों की गहन जांच शुरू की, जिसमें भागीरथ कुमार साह के दस्तावेज फर्जी पाए गए।

 

 

इससे पहले भी कटोरिया प्रखंड सहित आसपास के क्षेत्रों से कई फर्जी शिक्षक गिरफ्तार किए जा चुके हैं। गिरफ्तारी के बाद सुईया थानाध्यक्ष कन्हैया झा ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजते हुए बांका कोर्ट में पेश किया। बताया जा रहा है कि आरोपी बेलहर प्रखंड के रंगा गांव का निवासी है।

पिछले एक दशक में बांका जिले में एक दर्जन से अधिक फर्जी शिक्षकों का खुलासा हो चुका है। बावजूद इसके, अभी भी कई ऐसे शिक्षक विभिन्न स्कूलों में कार्यरत होने की आशंका जताई जा रही है, जो फर्जी शैक्षणिक, जाति, आवासीय और ओबीसी प्रमाण पत्र के आधार पर नौकरी कर रहे हैं।

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निगरानी विभाग की इस कार्रवाई के बाद शिक्षा विभाग और स्थानीय शिक्षकों के बीच हड़कंप मच गया है। अधिकारियों का कहना है कि जांच अभियान आगे भी जारी रहेगा और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।