डेक्स रिपोर्ट- बांका
बांका जिले के कटोरिया प्रखंड क्षेत्र में राज्य का चौथा पुलिस ट्रेनिंग सेंटर बनने जा रहा है। इसके लिए 51.40 एकड़ जमीन चिह्नित कर ट्रांसफर की मंजूरी दे दी गई है। इस सेंटर के निर्माण के बाद बिहार पुलिस को प्रशिक्षण और संसाधनों के मामले में नई पहचान मिलेगी।
फिलहाल बिहार में दो पुलिस ट्रेनिंग सेंटर संचालित हैं—डुमरांव और नाथनगर (भागलपुर)। इसके अलावा सिमुलतला में तीसरे ट्रेनिंग सेंटर की स्वीकृति मिल चुकी है, जिसका निर्माण कार्य पूरा होने के बाद जल्द संचालन शुरू होगा। अब कटोरिया में बनने वाला यह चौथा ट्रेनिंग सेंटर राज्य पुलिस की क्षमता को और मजबूत करेगा।
एडीजी (प्रशिक्षण) सुधांशु कुमार ने बताया कि वर्तमान में संचालित ट्रेनिंग सेंटरों में लगभग 11 हजार सिपाहियों को ही प्रशिक्षण दिया जा सकता है। वहीं हर साल करीब 20 हजार नए सिपाहियों की भर्ती होती है। इस वजह से कई बार प्रशिक्षण प्रक्रिया लंबी खिंच जाती है। नए सेंटर के बनने से सिपाहियों को समय पर प्रशिक्षण उपलब्ध होगा। साथ ही उनकी सेवाकालीन जरूरतों के अनुसार भी नियमित ट्रेनिंग की व्यवस्था की जाएगी।
कटोरिया ट्रेनिंग सेंटर में न केवल बुनियादी प्रशिक्षण दिया जाएगा बल्कि आधुनिक तकनीकों और कार्यशैली से जुड़ी ट्रेनिंग भी शामिल की जाएगी। इसके लिए उन्नत सुविधाओं का प्रावधान किया जा रहा है ताकि जवान अपने कर्तव्यों का निर्वहन और बेहतर ढंग से कर सकें।
सरकार ने पुलिस बल को सशक्त बनाने की दिशा में अन्य पुलिस स्टेशनों और उनके भवनों के निर्माण की भी मंजूरी दी है। नए भवनों और आधुनिक संसाधनों से पुलिस कर्मियों को कामकाज के लिए बेहतर माहौल मिलेगा। अधिकारियों का मानना है कि इस कदम से पुलिस व्यवस्था अधिक प्रभावी होगी और जनता को सुरक्षा की बेहतर सुविधा सुनिश्चित की जा सकेगी।
बांका के कटोरिया में बनने वाला पुलिस ट्रेनिंग सेंटर न केवल बांका जिले के लिए गर्व की बात है, बल्कि पूरे प्रदेश की पुलिसिंग को नई ऊर्जा प्रदान करेगा।




