बांका जिला के रजौन प्रखंड के बरौनी गांव में जल संसाधन विभाग द्वारा करीब 35 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे वियर निर्माण कार्य में अवैध बालू उठाव का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। ग्रामीणों की शिकायत पर धोरैया विधायक मनीष कुमार ने निर्माण स्थल पहुंचकर निरीक्षण किया और जिला प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की।
ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण कार्य करा रहे संवेदक द्वारा नदी से ही बड़े पैमाने पर बालू निकालकर निर्माण कार्य में इस्तेमाल किया जा रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार अब तक करीब 500 हाइवा ट्रक बालू नदी से उठाया जा चुका है। इससे क्षेत्र में छोटे निर्माण कार्यों के लिए भी बालू की भारी कमी हो गई है। ग्रामीणों का कहना है कि खुलेआम हो रहे इस अवैध उठाव से नदी के अस्तित्व और पर्यावरण पर भी प्रतिकूल असर पड़ रहा है।
जानकारी के अनुसार विधायक मनीष कुमार क्षेत्र भ्रमण के दौरान बरौनी दलित टोला पहुंचे थे। इसी दौरान ग्रामीणों ने उन्हें अवैध बालू उठाव की जानकारी दी। शिकायत सुनने के बाद विधायक सीधे निर्माण स्थल पहुंचे और वहां चल रहे कार्यों का जायजा लिया। निरीक्षण के बाद उन्होंने कहा कि प्रथम दृष्टया ग्रामीणों की शिकायत सही प्रतीत हो रही है और मौके पर बड़े पैमाने पर नदी से बालू उठाव के संकेत मिले हैं।
विधायक ने मौके से ही जिला प्रशासन एवं खनन विभाग के अधिकारियों को फोन कर मामले की जानकारी दी। उन्होंने अधिकारियों से पूरे मामले की गंभीरता से जांच कराने और दोषियों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई करने का आग्रह किया।
वहीं सामाजिक कार्यकर्ता मुकेश सिंह उर्फ विनोद सिंह ने भी संवेदक पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों और किसानों द्वारा पहले भी इस मामले की सूचना दी गई थी, लेकिन चेतावनी के बावजूद नदी से लगातार बालू उठाव जारी रहा।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से अवैध खनन पर तत्काल रोक लगाने, नदी की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा दोषी लोगों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चा तेज हो गई है और लोग प्रशासनिक कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं।
रिपोर्ट -दीपक कुमार सिंह




